उत्तर प्रदेश में बुनियादी ढांचे के क्षेत्र में तेज बदलाव के बीच अब रेलवे इंफ्रास्ट्रक्चर को वैश्विक मानकों पर विकसित करने की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया है। प्रदेश सरकार ने जर्मनी की रेलवे इंफ्रास्ट्रक्चर कंपनी RAILONE GmbH के साथ 200 करोड़ रुपये के निवेश का समझौता किया है। यह करार राज्य में आधुनिक रेलवे ट्रैक तकनीक और उन्नत कंक्रीट स्लीपर निर्माण प्रणाली लाने की दिशा में महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने जर्मनी दौरे के दौरान कंपनी की फैक्ट्री का निरीक्षण किया और वहां समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए। इस दौरान उन्होंने आधुनिक रेलवे ट्रैक निर्माण तकनीक, कंक्रीट स्लीपर बनाने की अत्याधुनिक मशीनों और गुणवत्ता नियंत्रण की प्रक्रियाओं का जायजा लिया। कंपनी के अधिकारियों के साथ वैश्विक मानकों, उत्पादन प्रणाली और सुरक्षा उपायों पर विस्तार से चर्चा भी हुई।
सरकार का मानना है कि इस साझेदारी से उत्तर प्रदेश को अंतरराष्ट्रीय तकनीकी अनुभव का लाभ मिलेगा, जिससे रेलवे नेटवर्क को अधिक मजबूत, सुरक्षित और टिकाऊ बनाया जा सकेगा। आधुनिक ट्रैक तकनीक से ट्रेनों की गति, सुरक्षा और रखरखाव क्षमता में सुधार की उम्मीद है, जिसका सीधा फायदा माल ढुलाई और यात्री परिवहन दोनों को मिलेगा।
यह पहल मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के उस विजन का हिस्सा है, जिसके तहत राज्य में मजबूत और आधुनिक बुनियादी ढांचे का विकास किया जा रहा है। सरकार सड़कों और एक्सप्रेस-वे के साथ-साथ रेल नेटवर्क को भी नई तकनीक से सशक्त बनाने पर जोर दे रही है।
प्रदेश सरकार का कहना है कि यह निवेश बेहतर कनेक्टिविटी और सुदृढ़ परिवहन व्यवस्था तैयार करने में सहायक होगा। इससे औद्योगिक विकास को गति मिलेगी और निवेशकों के लिए उत्तर प्रदेश एक आकर्षक गंतव्य के रूप में उभरेगा। जर्मन कंपनी के साथ यह समझौता राज्य को रेलवे इंफ्रास्ट्रक्चर के क्षेत्र में नई ऊंचाइयों तक ले जाने की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है।




