नई दिल्ली। वेनेजुएला पर अमेरिकी हमले और राष्ट्रपति निकोलस मादुरो के खिलाफ की गई कार्रवाई को लेकर चीन और रूस ने कड़ी प्रतिक्रिया दी है। दोनों देशों ने इस कदम को अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन बताया है। चीन ने इसे अमेरिका की ‘दादागिरी’ करार दिया, जबकि रूस ने राष्ट्रपति मादुरो और उनकी पत्नी को तत्काल रिहा करने की मांग की है। इसके साथ ही, दोनों देशों ने इस मुद्दे पर संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद की आपात बैठक बुलाने की मांग का समर्थन किया है। शनिवार, 3 जनवरी को अमेरिका ने वेनेजुएला पर हवाई हमला किया, जिसमें राष्ट्रपति निकोलस मादुरो को हिरासत में लिए जाने की खबर सामने आई। यह अमेरिकी ऑपरेशन उस समय किया गया, जब मादुरो और उनकी पत्नी सीलिया फ्लोरेस रात में अपने निवास पर मौजूद थे।
चीन के विदेश मंत्रालय ने इस कार्रवाई की कड़ी निंदा करते हुए एक बयान में कहा कि वह एक संप्रभु देश के खिलाफ अमेरिका द्वारा खुले तौर पर बल प्रयोग और उसके राष्ट्रपति के खिलाफ की गई कार्रवाई से बेहद हैरान है। बयान में कहा गया कि अमेरिका की इस तरह की दबंग कार्रवाई अंतरराष्ट्रीय कानून और वेनेजुएला की संप्रभुता का गंभीर उल्लंघन है, जो लैटिन अमेरिका और कैरेबियन क्षेत्र की शांति और सुरक्षा के लिए खतरा पैदा करती है। चीन ने अमेरिका से अंतरराष्ट्रीय कानून और संयुक्त राष्ट्र चार्टर के सिद्धांतों का पालन करने और अन्य देशों की संप्रभुता का सम्मान करने की अपील की।
रूस ने भी अमेरिकी हमले की तीखी आलोचना की है। रूसी विदेश मंत्रालय के बयान में कहा गया, “अमेरिका ने वेनेजुएला के खिलाफ सशस्त्र हमला किया है, जो अत्यंत चिंताजनक और निंदनीय है। इस कार्रवाई को सही ठहराने के लिए दिए गए तर्क पूरी तरह निराधार हैं।” रूस ने वेनेजुएला के लोगों के साथ एकजुटता जताते हुए कहा कि अमेरिका की आक्रामक कार्रवाई के दौरान राष्ट्रपति मादुरो और उनकी पत्नी को जबरन देश से बाहर ले जाने की खबरें गंभीर चिंता का विषय हैं। रूस ने इसे संप्रभुता और अंतरराष्ट्रीय कानून का घोर उल्लंघन बताते हुए अमेरिका से मादुरो और उनकी पत्नी को तुरंत रिहा करने की मांग की।
इस बीच, हमले के बाद आयोजित एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि यदि आवश्यकता पड़ी तो अमेरिका वेनेजुएला पर दूसरा हमला करने के लिए भी तैयार है। उन्होंने दावा किया कि पहला ऑपरेशन बेहद सफल रहा है और संभव है कि दूसरे हमले की जरूरत न पड़े। ट्रंप ने यह भी कहा कि राष्ट्रपति मादुरो की गिरफ्तारी के बाद अब वेनेजुएला की जिम्मेदारी अमेरिका संभालेगा।




