लखनऊ। यूपी में मिली प्रचंड जीत के बाद योगी आदित्यनाथ को आज विधायक दल का नेता चुना जाएगा। विधायक दल की बैठक लोकभवन में होगी। बैठक अमित शाह, रघुवर दास की मौजूदगी में होगी। धर्मेंद्र प्रधान और राधामोहन सिंह भी मौजूद रहेंगे। बैठक को अमित शाह और मुख्यमंत्री योगी संबोधित करेंगे।
प्रस्तावित कार्यक्रम के अनुसार विधायक दल का नेता चुने जाने के बाद योगी शाम को राजभवन पहुंचकर राज्यपाल आनंदीबेन पटेल के समक्ष 273 विधायकों के समर्थन से सरकार बनाने का दावा पेश करेंगे। इसके बाद योगी 25 मार्च को शाम 4 बजे अटल बिहारी वाजपेयी इकाना इंटरनेशनल स्टेडियम में मुख्यमंत्री के रूप में शपथ लेंगे। योगी सरकार के शपथ ग्रहण समारोह में बीजेपी और संघ के नेताओं के साथ विपक्षी दलों के नेता भी मौजूद रहेंगे।
फिलहाल राज्य में योगी आदित्यनाथ के शपथ ग्रहण समारोह की तैयारियां जोरों पर शुरू हो गई हैं और समारोह के लिए इकाना स्टेडियम और उसके आसपास के क्षेत्रों को विशेष रूप से सजाया जा रहा है। बीजेपी राज्य में नई सरकार के लिए पूरे शहर को सजा रही है और एयरपोर्ट से इकाना स्टेडियम तक मेहमानों के स्वागत की तैयारियां की जा रही है। जानकारी के मुताबिक योगी आदित्यनाथ के साथ उनके कई मंत्री भी शपथ लेंगे।
केशव प्रसाद मौर्य का क्या होगा
योगी सरकार-2.0 में मंत्री कौन-कौन होंगे, इसे लेकर तमाम तरह के कायास चल रहे हैं। इसके साथ ही ऊहापोह इस बात को लेकर भी है कि क्या फिर से दो उपमुख्यमंत्री बनाए जाएंगे? बनाए जाएंगे तो क्या फिर केशव प्रसाद मौर्य और डा. दिनेश शर्मा ही होंगे? इसी बीच यह भी संभावना जताई जाने लगी कि पिछड़ा वर्ग के नेता के रूप में केशव की वापसी लगभग तय है। यदि उनके चुनाव हार जाने का विषय आधार बनता है तो पिछड़ा वर्ग से ही आने वाले अन्य किसी नेता को यह कुर्सी मिल सकती है। उसमें सबसे ज्यादा प्रभावी प्रदेश अध्यक्ष स्वतंत्रदेव सिंह हो सकते हैं। दलित और महिला कोटे से आगरा ग्रामीण विधायक व उत्तराखंड की पूर्व राज्यपाल बेबीरानी मौर्य की दावेदारी दो पदों पर मानी जा रही है। उपमुख्यमंत्री या विधानसभा अध्यक्ष। सूत्रों के मुताबिक भाजपा के वरिष्ठ नेताओं का मानना है कि बेबीरानी राज्यपाल रह चुकी हैं, ऐसे में उन्हें मंत्री बनाने की जगह विधानसभा अध्यक्ष का संवैधानिक पद ही देना उचित होगा।




