पटियाला। पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने पटियाला जिले में रीतखेड़ी लिंक रोड के निर्माण में अनियमितताएं सामने आने पर संबंधित ठेकेदार को कारण बताओ नोटिस जारी करने और उसकी सभी अदायगियां तुरंत रोकने के आदेश दिए हैं।
मुख्यमंत्री ने शनिवार को पटियाला और फतेहगढ़ साहिब जिलों में तीन निर्माणाधीन सड़कों का औचक निरीक्षण किया। इनमें से दो का काम मानकों के अनुरूप पाया गया, जबकि रीतखेड़ी लिंक रोड में खामियां मिलने पर उन्होंने सख्त नाराजगी जताई। सड़क के नमूने लेने के बाद उन्होंने अधिकारियों को तुरंत कार्रवाई के निर्देश दिए।
मान ने पटियाला–सरहिंद सड़क का भी निरीक्षण किया और कार्य की गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिए सड़क के नमूनों की लैब जांच करवाने को कहा। इसके साथ ही उन्होंने फतेहगढ़ साहिब जिले में रुड़की से रिउंणा पलैन रोड की स्थिति का भी जायजा लिया।
उन्होंने कहा कि पूरे राज्य में एक व्यापक अभियान के तहत सड़क निर्माण की गुणवत्ता की जांच की जा रही है, क्योंकि सरकार जनता के पैसों से बड़े पैमाने पर सड़कें बना रही है। उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि निर्माण कार्य उच्च गुणवत्ता का हो और मानकों के अनुरूप किया जाए। मान ने बताया कि वे आगे भी ऐसी औचक जांच जारी रखेंगे ताकि करदाताओं के पैसे का सही उपयोग हो सके।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सड़क निर्माण से पहले सीवरेज, पेयजल पाइपलाइन, फाइबर और अन्य कार्य पूरे करने के लिए सभी विभागों को निर्देशित किया गया है, ताकि नई बनी सड़कों को नुकसान न पहुंचे। उन्होंने जनता से भी आग्रह किया कि वे सड़क निर्माण कार्यों की निगरानी करें और किसी भी अनियमितता की जानकारी सरकार को दें। उन्होंने चेतावनी दी कि घटिया काम करने वाले ठेकेदारों और संबंधित कर्मचारियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
मान ने बताया कि प्रदेश में अब तक के सबसे बड़े सड़क निर्माण अभियान के तहत 16,209 करोड़ रुपए की लागत से 44,920 किलोमीटर सड़कें बनाई जा रही हैं। सभी सड़कों के साथ पांच साल की मेंटेनेंस शर्त भी जोड़ी गई है, जिसमें सुरक्षा मानकों, किनारे की लाइनिंग, दिशा-सूचक संकेतों और समुचित गुणवत्ता का विशेष ध्यान रखा जाएगा।
उन्होंने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में बाढ़ से हुई तबाही के बाद राज्य सरकार ने 4,092 करोड़ रुपए की लागत से 19,373 किलोमीटर ग्रामीण लिंक सड़कों के निर्माण का कार्य शुरू किया है। मुख्यमंत्री ने बताया कि फ्लाइंग स्क्वायड लगातार निगरानी कर रही है और शिकायतों के आधार पर कई ठेके रद्द भी किए गए हैं। मान ने दोहराया कि पंजाब सरकार करदाताओं के धन का तर्कसंगत और पारदर्शी उपयोग सुनिश्चित करने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है और इस दिशा में किसी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।




