लोकसभा में ‘वीबी-जी राम जी’ (विकसित भारत गारंटी फॉर रोजगार एंड आजीविका मिशन–ग्रामीण) विधेयक को भारी हंगामे के बीच पारित कर दिया गया। ग्रामीण विकास मंत्री शिवराज सिंह चौहान द्वारा विधेयक पर चर्चा का जवाब दिए जाने के बाद सदन ने इसे ध्वनिमत से मंजूरी दे दी।
मनरेगा की जगह लेगा ‘वीबी-जी राम जी’
प्रस्तावित कानून 20 वर्ष पुराने महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी अधिनियम (मनरेगा) की जगह लेगा। विधेयक के पारित होते ही लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने सदन की कार्यवाही दोपहर 1 बजकर 7 मिनट पर शुक्रवार सुबह 11 बजे तक के लिए स्थगित कर दी।
विपक्ष का विरोध
विपक्षी दलों ने सरकार पर महात्मा गांधी का अपमान करने और मनरेगा के प्रावधानों को कमजोर करने का आरोप लगाया। विधेयक पर चर्चा के दौरान विपक्षी सांसदों ने कागज फाड़कर और नारेबाजी कर कार्यवाही बाधित करने की कोशिश की। उन्होंने विधेयक को वापस लेने की मांग करते हुए संसद परिसर में विरोध मार्च भी निकाला।
विधेयक पर क्या बोले मंत्री?
केंद्रीय ग्रामीण विकास मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने सरकार के कदम का बचाव करते हुए कहा कि एनआरईजीए में महात्मा गांधी का नाम वर्ष 2009 के चुनावों को ध्यान में रखते हुए जोड़ा गया था। लोकसभा में अपने संबोधन के दौरान उन्होंने दोहराया कि उस समय यह फैसला राजनीतिक संदर्भ में लिया गया था।




