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रोहतक हत्याकांडः बेटे ने दिया पूरी घटना को अंजाम, मां-बहन-नानी-पिता किसी को भी नही छोड़

रोहतक के विजय नगर हत्याकांड ने पुलिस प्रशासन के साथ-साथ सभी को हैरान करके रख दिया है। जिसने भी इस खबर के बारे में सुना उसको यकीन ही नही हुआ कि कैसे कोई बेटा अपने ही पूरे परिवार को इतनी दर्दनाक मौत दे सकता है। पुलिस ने मामले की जांच कर कई चौंकाने वाले खुलासे किए हैं। गुरुवार सुबह पौने 6 बजे डीएसपी सज्जन सिंह और डीएसपी गोरखपाल राणा के नेतृत्व में पुलिस आरोपी अभिषेक को लेकर वारदात स्थल पर पहुंची। यहां आरोपी ने पुलिस के सामने 45 मिनट तक क्राइम सीन दोहराया। पूछताछ में उसने वारदात को अंजाम देने की पूरी बातें विस्तार से बताईं।

पैसे न मिलने को लेकर दिया घटना को अंजाम

पुलिस के मुताबिक अभिषेक ने बताया कि पैसे न मिलने से वह अपने परिजनों ने नाराज था। उसने गत शुक्रवार दोपहर करीब एक बजे घर में रखी 32 बोर की रिवाल्वर ली और अपने ऊपर वाले कमरे में चला गया। वहां पर उसके कमरे में बहन नेहा उर्फ तमन्ना (19) सो रही थी। उसने उसके कनपटी से सटाकर गोली मारी। आरोपी ने बताया कि बहन को गोली मारने के बाद उसने आवाज देकर नीचे से नानी रोशनी को काम के बहाने ऊपर कमरे में बुलाया। इस दौरान उसने नेहा को कपड़े से ढक दिया, ताकि नानी को लगे की नेहा सो रही है।

नानी जैसे ही अंदर आई, उसके सिर में भी गोली मार दी। नानी फर्श पर गिर पड़ी। शरीर में थोड़ी हरकत होने पर उसने दूसरी गोली भी चलाई। इसके बाद उसने मां को कमरे में आने के लिए आवाज दी। साथ ही कहा कि उन्हें नानी बुला रही है। इस दौरान उसने दरवाजा आधा खुला छोड़ दिया। जैसे ही मां ने अंदर प्रवेश किया, जब तक वह कुछ समझ पाती। उनके सिर में भी गोली दाग दी। मां भी फर्श पर गिर पड़ी।

ऊपर कमरे में बहन, नानी व मां को गोली मारने के बाद अभिषेक तेजी से नीचे आया। उस समय अंदर वाले कमरे में पिता बबलू पहलवान फोन पर किसी से बात कर रहे थे। अभिषेक ने माथे में गोली मार दी। इसके बाद बबलू गिरकर अचेत हो गए। इसके बाद उसने जिंदा बचने की गुंजाइश न रहे, इसलिए पिता के सिर में दो और गोली मार दी।

सभी को गोली मारने के बाद अभिषेक ने घर के दरवाजे बंद कर दिए और दोस्त के घर पहुंच गया। करीब दो बजे वापस आया। इसके बाद मामा को फोन किया। फिर छत पर जाकर अनहोनी होने की बात कह शोर मचाने लगा। इसके बाद आसपास के लोग आ गए और शव बाहर निकाले। उस समय नेहा की सांसें चल रहीं थीं। उसे एक युवक पीजीआई ले गया, जबकि बबलू, बबली व रोशनी दम तोड़ चुके थे। बाद में नेहा की भी मौत हो गई।

नैनीताल के कार्तिक से है दोस्ती, पूछताछ की तैयारी

पुलिस ने अभिषेक के दोस्त नैनीताल निवासी कार्तिक से पूछताछ की तैयारी शुरू कर दी है। ढाई साल पहले कार्तिक व अभिषेक दिल्ली में क्रू-मेंबर का कोर्स करते थे। वहां दोनों की दोस्ती हो गई। इसके अलावा पुलिस दो और दोस्तों की तलाश में जुटी हुई है। हत्याकांड में कार्तिक की भूमिका की जांच के लिए पुलिस उससे पूछताछ करेगी।

रिवॉल्वर वैध या अवैध, जांच कर रही पुलिस 

पूछताछ में आरोपी ने बताया कि उसे 32 बोर का रिवॉल्वर घर में ही मिला है। अब पुलिस यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि रिवाल्वर लाइसेंसी है या नहीं। अभिषेक के पिता बबलू पहलवान के पास लाइसेंसी डोगा बंदूक थी, जिसे उन्होंने जमा करवा दिया था। इसके बाद उन्होंने लाइसेंस पर रिवॉल्वर निकलवाया था या नहीं, यह अभी साफ नहीं हो सका है।

यह है मामला

सोनीपत जिले के मदीना गांव निवासी बबलू पहलवान 20 साल से रोहतक के विजय नगर में रहता था। वह पेशे से प्रॉपर्टी डीलर था। 27 अगस्त को घर में बबलू, उसकी पत्नी बबली व सास रोशनी के शव मिले थे, जबकि बेटी नेहा ने पीजीआई में दम तोड़ दिया था। चारों के सिर में गोली मारी गई थी। बुधवार को छह दिन की जांच के बाद हत्या के आरोप में प्रॉपर्टी डीलर के 20 वर्षीय बेटे अभिषेक उर्फ मोनू को गिरफ्तार किया गया। जो पांच दिन की पुलिस रिमांड पर है।

सुरक्षा कारणों की वजह से अभिषेक को सुबह पौने छह बजे मौके पर ले गए। पूरे घटनाक्रम के सीन को बारीकी से दोहराया गया। कई सवालों के अब भी जवाब नहीं मिले हैं। घर में रखे 32 बोर के रिवॉल्वर से गोली मारी गई हैं। रिवाल्वर का लाइसेंस था या नहीं, इसकी जांच कर रहे हैं। आरोपी के दोस्त से भी पूछताछ की जाएगी। – सज्जन सिंह, डीएसपी लॉ एंड ऑर्डर।