नई दिल्ली। रूस और यूक्रेन के बीच जंग अब निर्णायक दौर में पहुंच चुकी है। रूसी सैनिकों ने यूक्रेन के कई शहरों पर कब्ज़ा कर लिया है। इस बीच रूस के रक्षा मंत्रालय ने बड़ा दावा किया है। उनका कहना है कि अब तक 243 यूक्रेनी सैनिकों और एक मरीन ब्रिगेड ने सरेंडर किया है। आगे रक्षा मंत्रालय ने दावा किया कि उन्होंने यूक्रेन के 118 मिलिट्री इंफ्रास्ट्रक्चर को भी ध्वस्त कर दिया, जिसमें 11 मिलिट्री एयर फील्ड, 13 कमांड एंड कम्युनिकेशन सेंटर, 14S 300 मिसाइल सिस्टम और 36 रडार स्टेशन शामिल हैं।
इन सबके बीच यूक्रेन के राष्ट्रपति का कहना है कि कीव को अपनी रक्षा के लिए अकेला छोड़ दिया गया है क्योंकि नाटो उसे कोई गारंटी देने से डर रहा है। व्लोडिमिर जेलेंस्की ने कहा, मैंने उनसे पूछा – क्या आप हमारे साथ हैं? उन्होंने जवाब दिया कि वे हमारे साथ हैं, लेकिन वे हमें गठबंधन में नहीं लेना चाहते हैं। मैंने यूरोप के 27 नेताओं से पूछा है कि क्या यूक्रेन नाटो में होगा, मैंने उनसे सीधे पूछा है – सभी डरे हुए हैं और उन्होंने कोई जवाब नहीं दिया।
राष्ट्रपति ने कहा, हम अकेले रह गए हैं। हमारे लिए युद्ध में जाने के लिए कौन तैयार है? ईमानदारी से, मुझे कोई नहीं दिख रहा है। यूक्रेन को नाटो सदस्यता की गारंटी देने के लिए कौन तैयार है? ईमानदारी से कहूं तो, हर कोई डर रहा है। वलोडिमिर जेलेंस्की ने शुक्रवार को कहा कि वह रूसी आक्रमण को समाप्त करने के लिए बातचीत करने से डरते नहीं हैं, लेकिन ऐसा करने के लिए सुरक्षा गारंटी की आवश्यकता होगी।




