गुवाहाटी। असम में बाल विवाह से जुड़े मामलों रुकने का नाम नही ले रहे हैं। असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने बाल विवाह में शामिल लोगों को शनिवार को चेतावनी देते हुए कहा कि भविष्य में भी बाल विवाह के खिलाफ कार्रवाई जारी रहेगी। इस मामले में पुलिस प्रशासन का एक्शन भी जारी है।
अब तक 2211 लोगों हो चुकी है गिरफ्तार
मुख्यमंत्री सरमा ने बताया कि शनिवार सुबह तक बाल विवाह के मामले में 2211 लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है। उन्होंने कहा कि अब तक पूरे असम में बाल विवाह से संबंधित 4,074 मामले दर्ज किए गए हैं। जबकि 8,134 लोगों की पहचान आरोपी के रूप में की गई है।
अभी और होगीं गिरफ्तारी- पुलिस प्रवक्ता प्रशांत कुमार भुइयां
प्रवक्ता प्रशांत कुमार भुइयां ने कहा कि राज्य में अब तक बाल विवाह के मामलों में शामिल 2,170 लोगों को गिरफ्तार किया गया है। IGP लॉ एंड ऑर्डर प्रशांत कुमार भुइयां ने एएनआई को बताया कि बाल विवाह के मामलों में गिरफ्तारी के आंकड़े बढ़े हैं। अब तक पुलिस ने राज्य भर में 2,170 लोगों को गिरफ्तार किया था और आगे भी गिरफ्तारी जारी रहेगी।
इम जिलों से हुई सबसे ज्यादा गिरफ्तारी
असम पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) जीपी सिंह ने शुक्रवार को एक संवाददाता सम्मेलन को संबोधित करते हुए कहा कि राज्य भर के विभिन्न पुलिस स्टेशनों पर बाल विवाह से संबंधित 4,074 मामले दर्ज किए गए हैं। जीपी सिंह ने कहा कि गिरफ्तार किए गए लोगों में 52 पुजारी और बाल विवाह में शामिल काजी भी शामिल हैं। उन्होंने कहा कि सबसे ज्यादा लोगों को धुबरी, बारपेटा, कोकराझार और विश्वनाथ जिलों से गिरफ्तारी हुई है।
सीएम के निर्देश के बाद पुलिस ने की कार्रवाई
डीजीपी ने आगे बताया कि असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने पुलिस को जांच करने का निर्देश दिया था, उन्हें इनपुट मिले थे कि राज्य में बाल विवाह बड़े पैमाने पर हो रहा है। जिसके बाद पुलिस ने बाल विवाह से जुड़े मामलों में जांच शुरू की और सीएम के निर्देश के बाद पुलिस द्वारा गिरफ्तारी की गई।




