Uttar Pradesh

भारत-नेपाल के सीमावर्ती गांवों में चला “नो योर 112’ अभियान

पीलीभीत। लखनऊ यूपी-112 मुख्यालय से आयी टीम ने गुरुवार को भारत-नेपाल के सीमावर्ती गावों में “नो योर 112” अभियान चलाया। एडीजी-112 के निर्देशन में 112 की टीम ने ज़िले में जागरूकता अभियान शुरू किया है। टीम ने नागरिकों को बताया कि 112 सिर्फ़ आपराधिक घटनाओं पर ही नहीं बल्कि दुर्घटना होने पर, आग लगने पर, महिलाओं एवं बुजुर्गों को सामाजिक सुरक्षा प्रदान करने जैसे मामलों में भी सहायता प्रदान करती है। टीम ने नौजिलिया, सुंदरनगर, बूंदी भूड़, रामनगरा आदि सीमावर्ती गावों में नागरिकों को बताया कि किसी भी आपात स्थिति में 112 पर कॉल कर मदद ली जा सकती है।

कब और कैसे लें यूपी-112 की सहायता

एएसपी-112 मुख्यालय मोहनी पाठक ने नागरिकों को विस्तार से बताया कि घरेलू हिंसा, मारपीट के अलावा किसी भी आपात स्थित जैसे प्राकृतिक आपदा, चिकित्सकीय आपाद जैसे संकट के समय भी यूपी-112 की मदद ले सकते हैं। मुख्यालय से आए मीडिया सेल प्रभारी श्री करुणा शंकर सिंह ने बताया कि सरकार की प्रमुखता में शामिल महिलाओं की सुरक्षा , सम्मान और स्वावलंबन है। घरेलू हिंसा से पीडि़त महिलाओं के लिए 112 की ओर से प्रबल प्रतिक्रिया दी जाती है। श्री सिंह ने सीमांत गावों में नागरिकों को बताया कि सीमा क्षेत्र में किसी भी संदिग्ध व्यक्ति या वस्तु के देखे जाने पर भी आप 112 की मदद ले सकते हैं।

टीम के साथ मौजूद कलाकारों ने नुक्कड़ नाकट के जरिए यातायात नियम पालन करने के फायदे बताए गए। लोगों को महिला सुरक्षा और बुजुर्गों को सवेरा योजना की जानकारी दी गई। इस मौक़े पर साइबर सुरक्षा, फ़ेक न्यूज़ आदि के सम्बंध में भी नागरिकों को जागरुक किया गया।

BRIJESH SINGH
the authorBRIJESH SINGH