कॉर्पोरेट जगत से बड़ी खबर सामने आई है। रिलायंस अनिल धीरूभाई अंबानी ग्रुप के मुखिया अनिल अंबानी एक बार फिर कानूनी जांच में फंसे हैं। गुरुवार को वे दिल्ली स्थित केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) मुख्यालय पहुंचे, जहां उनसे रिलायंस कम्युनिकेशंस (RCom) से जुड़े हाई-प्रोफाइल लोन मामले में कई घंटे पूछताछ की गई।
सूत्रों के मुताबिक, CBI ने अनिल अंबानी को 19 और 20 मार्च के लिए समन जारी किया था, जिसके बाद वे आज जांच में शामिल हुए। इस मामले ने बैंकिंग सेक्टर में भी हलचल मचा दी है। मामला SBI की शिकायत से शुरू हुआ, जिसमें आरोप है कि RCom ने बैंकों के कंसोर्टियम से हजारों करोड़ रुपये का लोन लिया, लेकिन उसे चुकाने और नियमों का पालन करने में गंभीर अनियमितताएं हुईं। CBI जांच कर रही है कि क्या यह राशि सही उद्देश्य के लिए इस्तेमाल हुई या इसे अन्य कंपनियों या निजी इस्तेमाल के लिए डायवर्ट किया गया।
मुख्य आरोप इस प्रकार हैं:
- नियमों का उल्लंघन – लोन प्रक्रिया में बैंकिंग नियमों और दिशा-निर्देशों का पालन नहीं किया गया।
- फंड का डाइवर्जन – लोन का पैसा मंजूर काम में नहीं लगाया गया, शक है कि अन्य कंपनियों या निजी इस्तेमाल में गया।
- गलत जानकारी देना – कंपनी ने अपनी वित्तीय स्थिति और प्रोजेक्ट्स के बारे में पूरी और सही जानकारी नहीं दी, जिससे बैंक को नुकसान हुआ।
अनिल अंबानी के लिए यह समय चुनौतीपूर्ण है। हाल ही में उनके बेटे जय अनमोल अंबानी से भी रिलायंस होम फाइनेंस से जुड़े मामले में पूछताछ की जा चुकी है। अब RCom लोन केस में खुद अनिल अंबानी का CBI दफ्तर पहुंचना इस बात का संकेत है कि जांच एजेंसियां मामले की गहराई तक जाने की कोशिश में हैं।




