उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद में जिला प्रशासन ने बिना मान्यता और आवश्यक सुरक्षा मानकों के संचालित एक मदरसे के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए उसे तत्काल प्रभाव से सील कर दिया है। जांच में कई गंभीर अनियमितताएं सामने आने के बाद यह कदम उठाया गया। इंदिरापुरम क्षेत्र की कनावनी कॉलोनी में संचालित “मदरसा जामिया खुल्फा ए राशीदीन” के खिलाफ कार्रवाई जिला अल्पसंख्यक कल्याण विभाग, वक्फ निरीक्षक, नगर निगम और राजस्व विभाग की संयुक्त जांच रिपोर्ट के आधार पर की गई। अधिकारियों के अनुसार मदरसा न तो संबंधित विभाग में पंजीकृत था और न ही इसके पास वैध संचालन से जुड़े आवश्यक दस्तावेज मौजूद थे।
जांच के दौरान पाया गया कि मदरसे के पास अग्निशमन विभाग और विद्युत सुरक्षा विभाग की अनापत्ति प्रमाण पत्र (NOC) नहीं थी। इसके अलावा परिसर में साफ-सफाई की स्थिति संतोषजनक नहीं थी और छात्र-छात्राओं के लिए अलग-अलग शौचालय की व्यवस्था भी नहीं मिली। अधिकारियों ने यह भी पाया कि नियमों के विपरीत परिसर में हॉस्टल का संचालन किया जा रहा था, जिससे बच्चों की सुरक्षा और अधिकारों को लेकर गंभीर सवाल खड़े हुए।
इन अनियमितताओं को देखते हुए प्रशासन ने मदरसे के मुख्य भवन और अन्य कमरों को सील कर दिया। साथ ही मदरसा प्रबंधन को एक सप्ताह के भीतर जिला अल्पसंख्यक कल्याण कार्यालय में उपस्थित होकर अपना पक्ष रखने तथा वैध दस्तावेज प्रस्तुत करने का निर्देश दिया गया है।
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि निर्धारित समय सीमा के भीतर संतोषजनक जवाब या आवश्यक प्रमाण प्रस्तुत नहीं किए जाने पर प्रबंधन के खिलाफ आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। क्षेत्र में कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए स्थानीय पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों को भी आवश्यक निर्देश जारी किए गए हैं। इस मामले में डीसीपी ट्रांस हिंडन जोन धवल जायसवाल का बयान भी सामने आया है, जिसमें उन्होंने प्रशासनिक कार्रवाई और सुरक्षा व्यवस्था को लेकर जानकारी दी है।




