महाराष्ट्र में भीषण गर्मी का असर अब लोगों की सेहत पर साफ दिखाई देने लगा है। 1 मार्च से 20 अप्रैल 2026 के बीच स्वास्थ्य विभाग की रिपोर्ट के अनुसार, राज्य में हीट स्ट्रोक यानी लू के 39 मामले दर्ज किए गए हैं, जबकि एक संदिग्ध मौत की भी पुष्टि हुई है। लगातार बढ़ते तापमान और तेज धूप के चलते लोगों की परेशानी बढ़ती जा रही है।
रिपोर्ट के मुताबिक, इस अवधि में राज्यभर के अस्पतालों में 3,34,468 मरीज इलाज के लिए पहुंचे। हाल के दिनों में हीटस्ट्रोक के 8 नए मामले सामने आए हैं। इसके अलावा 108 मौतें हृदय संबंधी कारणों से दर्ज की गई हैं, जिससे कुल मौतों का आंकड़ा 109 तक पहुंच गया है। स्वास्थ्य विभाग ने लोगों को दोपहर के समय बाहर निकलने से बचने, पर्याप्त पानी पीने और सावधानी बरतने की सलाह दी है। आने वाले दिनों में तापमान और बढ़ने की संभावना जताई गई है, जिससे लू के मामलों में और इजाफा हो सकता है।
Latur district में गर्मी का असर और गंभीर देखने को मिला है, जहां लू के कारण अब तक 3 लोगों की मौत हो चुकी है। एरंडी गांव के 25 वर्षीय युवक की खेत से लौटने के बाद तबीयत बिगड़ने से मौत हो गई। वहीं गोंद्री गांव में 9 महीने के बच्चे और निलंगा तालुका के औराद शहाजी में एक किसान की भी जान जा चुकी है।
बताया गया कि एरंडी गांव निवासी महेश लिंबाजी इंगोले तेज धूप में खेत से लौटे थे। घर पहुंचकर पानी लेते समय उन्हें चक्कर आया और वे गिर पड़े। अस्पताल ले जाते वक्त रास्ते में ही उनकी मौत हो गई। मौसम विभाग ने आने वाले दिनों में तापमान और बढ़ने की चेतावनी दी है। प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग ने लोगों से सतर्क रहने और जरूरी एहतियात बरतने की अपील की है, ताकि इस भीषण गर्मी से बचा जा सके।




